नवाचार से बदला स्कूली शिक्षा का स्वरूप
महराजगंज जिले के घुघली ब्लॉक स्थित बारी गांव पूर्व माध्यमिक विद्यालय के सहायक शिक्षक राजेश कुमार उपाध्याय को वर्ष 2025 के राज्य शिक्षक पुरस्कार के लिए चुना गया है। वर्ष 2011 से इस विद्यालय में कार्यरत राजेश कुमार ने बच्चों में विज्ञान और नवाचार के प्रति गहरी रुचि विकसित की है।
छात्रों के वैज्ञानिक दृष्टिकोण का विकास
राजेश कुमार के मार्गदर्शन में विद्यार्थियों ने न केवल किताबी ज्ञान प्राप्त किया, बल्कि व्यावहारिक रूप से वैज्ञानिक मॉडल तैयार करना भी सीखा। बारी गांव स्कूल से पढ़कर निकले छात्र शिवम मद्धेशिया ने बताया कि उन्होंने स्कूल में ही ‘फायर सेफ्टी लाइब्रेरी’ जैसे जटिल मॉडल बनाना सीखा, जिससे उनकी प्रतिभा को निखारने में मदद मिली। शिवम वर्तमान में केंद्रीय विद्यालय में अपनी पढ़ाई कर रहे हैं और शिक्षक के सिखाए वैज्ञानिक दृष्टिकोण को अपनी सफलता का आधार मानते हैं।
दोस्ताना माहौल में शिक्षा का प्रयास
पुरस्कृत शिक्षक राजेश उपाध्याय का मानना है कि बच्चों को एक दोस्त की तरह पढ़ाने से ही सीखने की प्रक्रिया सरल होती है। उन्होंने खेल-खेल में विज्ञान को समझाने की पद्धति अपनाई, जिसका परिणाम आज विद्यालय के मेधावी छात्रों की लंबी फेहरिस्त के रूप में सामने है। स्थानीय निवासियों और शिक्षा विभाग ने उनकी इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त की है और इसे अन्य शिक्षकों के लिए प्रेरणा बताया है।